मिनपा मुठभेड़ में मारे गए थे 23 नक्सली, लॉकडाउन के दौरान माओवादियों का टूटा सप्लाई नेटवर्क… मुठभेड़ में बरामद नक्सली दस्तावेजों से खुलासा

58

मिनपा मुठभेड़ में मारे गए थे 23 नक्सली, लॉकडाउन के दौरान माओवादियों का टूटा सप्लाई नेटवर्क… मुठभेड़ में बरामद नक्सली दस्तावेजों से खुलासा

के. शंकर @ सुकमा। पुलिस का दावा है कि लॉकडाउन के दौरान नक्सलियों को सामानों की सप्लाई में बहुत दिक्कत हुई है। वहीं कई जगहों में नक्सलियों को खाने-पीने में भी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। इस बात का खुलासा हाल ही में सुकमा में हुए मुठभेड़ के बाद मौके से बरामद नक्सली दस्तावेजों से हुआ है।

इस बारे में बस्तर आईजी कार्यालय से प्रेस नोट जारी किया गया है, जिसमें कहा गया है कि 21 मार्च 2020 को मिनपा के जंगल में हुई मुठभेड़ में 23 नक्सली मारे गए थे। हालांकि, मुठभेड़ के बाद नक्सलियों ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर 3 माओवादियों के मारे जाने की बात कबूली थी। बता दें कि इस एनकाउंटर में पुलिस के 17 जवान शहीद हो गए थे।

यह भी पढ़ें :  बीजापुर में नक्सली ताण्डव, क्रेशर प्लांट में लगे 3 वाहनों में की आगजनी

Read More: इस जिले के SP और एडिशनल SP को हुआ कोरोना… एक ही दिन दोनों IPS अफसरों की रिपोर्ट आई पॉजिटिव

इधर, 8 सितंबर 2020 को सुकमा जिले के एंटापाड़ के जंगल में हुई मुठभेड़ में बरामद दस्तावेजों के आधार पर पुलिस ने दावा किया है कि मिनपा मुठभेड़ में जगरगुण्डा एरिया कमेटी के 12 एवं पश्चिम एरिया कमेटी के 11 समेत कुल 23 मिलिशिया व माओवादी कैडरों के मारे जाने की जानकारी मिली है। सुकमा पुलिस द्वारा इस संबंध में और जानकारी एकत्रित की जा रही है।

Read More: 


बता दें कि सुकमा जिले के भेजी थाना क्षेत्रांतर्गत नक्सलियों की उपस्थिति की सूचना पर DRG/STF एवं CoBRA की संयुक्त पार्टी 08 सितंबर 2020 को सर्चिंग पर रवाना हुई थी। इस दौरान ग्राम एंटापाड़ के जंगल में पुलिस पार्टी को कैम्प के पास आते देख नक्सलियों द्वारा अंधाधुंध फायरिंग किया गया। पुलिस पार्टी द्वारा की गई जवाबी कार्यवाही में नक्सली जंगल-झाड़ी का आड़ लेकर भागने में सफल हो गए।

यह भी पढ़ें :  अजय चंद्राकर ने फिर साधा कवासी लखमा पर निशाना, बोले- 'दंतेवाड़ा उपचुनाव में लखमा BJP की मदद कर रहे हैं'

Read More: सरंपच के दामाद समेत 4 लोगों की हत्या… 3 ग्रामीणों का सुराग नहीं, एक का शव लेकर आई पुलिस… 3 लाशों को सौंपने से ग्रामीणों ने किया इंकार

फायरिंग पश्चात् घटना स्थल की सर्चिंग करने पर 01 नग बायनाकूलर, 02 नग बड़ा पिट्ठू, 18 नग इलेक्ट्रिक डेटोनेटर, 30 मीटर इलेक्ट्रिक वायर, कोर्डेक्स वायर, टैंट का पालिथिन, फटाका, कपड़े, बर्तन, रस्सी, नक्सली साहित्य व अन्य दैनिक उपयोगी सामग्री बरामद किया गया।

यह भी पढ़ें :  मदनवाड़ा हमले में शामिल मिलिट्री कमांडर समेत 9 नक्सलियों ने किया सरेंडर, सुकमा पुलिस को मिली बड़ी सफलता

Read More: 


बस्तर रेंज के आईजी सुंदरराज पी. ने बताया कि बस्तर संभाग अंतर्गत नक्सल प्रभावित अंदरूनी क्षेत्रों में प्रभावी नक्सल विरोधी अभियान जारी रहेगा तथा आम जनता को नक्सल हिंसा से मुक्ति दिलाने की दिशा में लगातार सुरक्षाबलों द्वारा समर्पित होकर कार्य किया जाएगा।

उल्लेखनीय है कि सीपीआई माओवादी द्वारा शहीदी सप्ताह में जारी की गई प्रेस विज्ञप्ति में वर्ष 2019-20 में विभिन्न पुलिस-नक्सली मुठभेड़ में कुल 52 माओवादियों मारे जाने की पुष्टि की है।

  • आपको यह खबर पसंद आई तो इसे अन्य ग्रुप में Share करें…