धान खरीदी पर सियासत: गागड़ा किसानों से बोले, विधायक के साथ रायपुर जाइए! MLA मण्डावी ने कहा, किसानों की समस्या का हल निकलेगा

54
Gagda and Mandavi came face to face on the issue of paddy purchase

#गागड़ा किसानों से #बोले, #विधायक के #साथ रायपुर #जाइए! MLA #मण्डावी ने कहा, #किसानों की #समस्या का #हल निकलेगा

पंकज दाऊद @ बीजापुर। धान खरीदी के मुद्दे को ले यहां कलेक्टोरेट परिसर में विधायक विक्रम शाह मण्डावी और पूर्व वन मंत्री महेश गागड़ा आमने सामने हो गए। तब महेश गागड़ा किसानों से बोल पड़े, अपनी समस्याएं सुलझाने आप विधायक के साथ रायपुर जाइए।

Gagda and Mandavi came face to face on the issue of paddy purchase

Read More : Google पर भूलकर भी सर्च ना करें ये 10 चीजें, वरना पड़ सकते हैं मुश्किल में!

शनिवार को यहां जिले के विभिन्न हिस्सों से आए किसानों ने लाइवलीहुड कॉलेज के सामने एक दिनी धरना दिया। इनकी अगुवाई पूर्व वन मंत्री महेश गागड़ा कर रहे थे। इस धरने में भाजपा जिलाध्यक्ष श्रीनिवास मुदलियार, संजू लुंकड़, सुखलाल पुजारी, गोपाल पवार, इकबाल खान, नंदकिशोर राना समेत अन्य भाजपाई और किसान शामिल थे।

यह भी पढ़ें :  सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ में एक नक्सली ढेर, AK 47 बरामद… एनकाउंटर में जख्मी एक अन्य माओवादी गिरफ्तार

भूपेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी

किसान रैली की शक्ल में कलेक्टोरेट पहुंचे और भूपेश सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। यहां किसान प्रतिनिधियों ने एक ज्ञापन कलेक्टर केडी कुंजाम को सौंपा। पूर्व वन मंत्री महेश गागड़ा ने किसानों से कहा कि जिला स्तर पर इस समस्या का निराकरण नहीं हो सकता है। इसका निर्णय मुख्यमंत्री या खाद्य मंत्री करेंगे।

ये खबर पढ़ें…

Read More: स्वास्थ्य विभाग में 81 पदों पर हो रही भर्ती, जानिए कैसें करें आवेदन

गागड़ा ने कहा कि जिले में करीब 500 किसानों का धान नहीं खरीदा गया है और ये चिंता का विषय है। इस पर बविप्रा उपाध्यक्ष एवं विधायक विक्रम मण्डावी ने कहा कि इतने किसानों को नहीं छोड़ा जा सकता है। इसका सर्वे हो रहा है। किसने कितना धान बेचा और कितने बचे हैं, इसका पता लगाया जा रहा है।

यह भी पढ़ें :  केशकाल के पास भीषण सड़क हादसा: सरकारी सूमो वाहन और कार की आमने सामने टक्कर... 3 की मौत, दो घायल

Gagda and Mandavi came face to face on the issue of paddy purchase

सीएम ने करेंगे चर्चा: मण्डावी

विधायक विक्रम मण्डावी ने कहा कि शासन स्तर पर निर्णय लिया जाएगा। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से उनकी चर्चा होगी। यहां कलेक्टर ने किसानों से बातचीत से रास्ता निकालने की बात कहते कहा कि चक्का जाम अपनी बात को मनवाने का साधन नहीं है। उन्होंने दावा किया कि अंतिम दिन जिले में सबसे ज्यादा धान खरीदी हुई है।

किसानों की नींद हराम

किसानों ने भी अपनी समस्याएं रखीं। एक किसान ने कहा कि वे बड़े किसान हैं और उन पर कर्ज ज्यादा है। धान नहीं बिकने से उनकी नींद हराम हो गई है। कुछ किसानों ने आरोप लगाया कि टोकन काटने में विलंब किया गया और खरीदी के दौरान अव्यवस्था फैल गई। एक किसान ने कहा कि बारदानों की कमी से पूरी व्यवस्था चौपट हो गई।

यह भी पढ़ें :  आधुनिक भारत के स्वप्नदृष्टा थे राजीव गांधी, पुण्यतिथि पर कांग्रेसियों ने दी श्रद्धांजलि

ये खबर पढ़ें…

  • आपको यह खबर पसंद आई तो इसे अन्य ग्रुप में Share करें…

ख़बर बस्तर के WhatsApp ग्रुप में जुड़ने के लिए इस Link को क्लिक कीजिए….